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शिवरीनारायण का मंदिर माता शबरी का आश्रम छत्तीसगढ़-इतिहास के पन्नो में

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प्रेम का लाल प्रतीक लक्ष्मण मंदिर...........

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ताला की विलक्षण प्रतिमा-देवरानी जेठानी मंदिर

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Wednesday, August 18, 2021

छत्तीसगढ़ शासन द्वारा भूमिहीन कृषि मजदूर परिवारों को 6000 रूपये प्रतिवर्ष अनुदान की पूरी जानकारी I


 

आज छत्तीसगढ़ शासन द्वारा शुरू किये जा रहे एक नई योजना  के बारे में जानकारी साझा करने जा रहे हैं ,जिसके अंतर्गत ग्रामीण भूमिहीन कृषि मजदूर परिवारों को 6000 रूपये प्रतिवर्ष अनुदान दिया जायेगा | 


राजीव गांधी ग्रामीण भूमिहीन कृषि मजदूर न्याय योजना:-इस योजना के क्रियान्वयन हेतु छत्तीसगढ़ शासन राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग, मंत्रालय, महानदी भवन ,नया रायपुर अटल नगर द्वारा सर्व कलेक्टर छत्तीसगढ़ को पत्र जारी कर दिया गया है ।

 छत्तीसगढ़ शासन राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग द्वारा  राजीव गांधी ग्रामीण भूमिहीन कृषि मजदूर न्याय योजना के क्रियान्वयन  हेतु जारी पत्र में कहा गया है कि छत्तीसगढ़ राज्य में ग्रामीण आबादी का एक बड़ा हिस्सा कृषि मजदूरी पर निर्भर है । छत्तीसगढ़ राज्य में खरीफ सत्र में ही कृषि मजदूरी के लिए पर्याप्त अवसर रहता है । रवि सत्र में फसल क्षेत्राच्छादन कम होने के कारण कृषि मजदूरी के लिए अवसर भी कम हो जाता है । 

कृषि मजदूरी कार्य में संलग्न  ग्रामीणों में अधिकतर लघु सीमांत अथवा भूमिहीन कृषक हैं इनमें से भूमिहीन कृषि मजदूर को अन्य की अपेक्षा रोजगार के कम अवसर ग्रामीण स्तर पर उपलब्ध होते हैं राज्य शासन द्वारा ऐसे वर्ग को संबल प्रदान करने की दृष्टि से राजीव गांधी ग्रामीण भूमिहीन कृषि मजदूर न्याय योजना वित्तीय वर्ष 2021-22 से प्रारंभ किया जा रहा है।

राजीव गांधी ग्रामीण भूमिहीन कृषि मजदूर न्याय योजना का उद्देश्य-

राजीव गांधी ग्रामीण भूमिहीन कृषि मजदूर न्याय योजना का कार्यक्षेत्र प्रदेश के समस्त जिलों में होगा  जो कि वित्तीय वर्ष 2021-22 से लागू रहेगी । ग्रामीण क्षेत्र में भूमिहीन कृषि मजदूर परिवारों की पहचान करना तथा भूमिहीन कृषि मजदूर परिवारों को वार्षिक आधार पर आर्थिक अनुदान उपलब्ध कराना तथा उनके शुद्ध आय में वृद्धि करना इस योजना का प्रमुख उद्देश्य है।

 इस योजना के अंतर्गत दी जाने वाली आर्थिक सहायता-

 इस योजना के अंतर्गत अंतिम रूप से चिन्ह अंकित परिवार के मुखिया को ₹6000 प्रतिवर्ष एक या दो किश्तों में दी जाएगी ।  अनुदान सहायता की राशि चिन्हित सूचीबद्ध परिवार के मुखिया के बैंक अकाउंट में प्रत्यक्ष लाभ हस्तांतरण द्वारा की जाएगी।

हितग्राही परिवार की पात्रता-

 ♦ योजना अंतर्गत कट ऑफ डेट 1 अप्रैल 2021 होगा अर्थात दिनांक 1 अप्रैल 2021 की स्थिति में योजना अंतर्गत निर्धारित पात्रता होनी चाहिए।

 ♦  हितग्राही को छत्तीसगढ़ का मूल निवासी होना आवश्यक है।

 ♦ ग्रामीण क्षेत्रों में ऐसे सभी मूलनिवासी भूमिहीन कृषि मजदूर परिवार इस योजना का लाभ प्राप्त कर सकेंगे जिस परिवार के पास कृषि भूमि नहीं है पट्टे पर प्राप्त शासकीय भूमि तथा वन अधिकार प्रमाण पत्र को कृषि भूमि माना जाएगा।

 ♦ कृषि भूमि ही परिवारों की सूची में से परिवार के मुखिया के माता या पिता के नाम से अधिक सिंचित भूमि धारित है अर्थात उस परिवार को उत्तराधिकार है उसमें भूमि प्राप्त करने की स्थिति होगी तब वह परिवार भूमिहीन परिवार के सूची के पृथक हो जाएगा।

 ♦ आवासीय प्रयोजन हेतु धारी भूमि कृषि भूमि नहीं मानी जाएगी।


 ♦ यदि पंजीकृत हितग्राही परिवार के मुखिया की मृत्यु हो जाती है तो उस परिवार के द्वारा प्रदत अनुसार नवीन आवेदन योजना अंतर्गत प्रस्तुत किया जा सकता है।


 ♦ वहीं यदि पंजीकृत हितग्राही के परिवार के मुखिया के द्वारा असत्य जानकारी के आधार पर यदि अनुदान सहायता राशि प्राप्त किया जाता है तो बाद में भूराजस्व के बकाया राशि के रूप में  वसूली किया जाएगा।



  राजीव गांधी ग्रामीण भूमिहीन कृषि मजदूर न्याय योजना के लिए आवेदन कब और कैसे करें-


 इस योजना के अंतर्गत लाभ प्राप्त करने के इच्छुक ग्रामीण भूमिहीन कृषि मजदूर परिवारों के मुखिया को निर्धारित समयावधि में राजीव गांधी ग्रामीण भूमि कृषि मजदूर नया योजना के पोर्टल rggbkmny.cg.nic.in पर  पंजीयन करना होगा।

 इच्छुक हितग्राही परिवार दिनांक 1 .09. 2021 से दिनांक 30 11. 2021 तक ऑनलाइन पंजीयन कर सकते हैं। वही हितग्राही को आवेदन के साथ आधार नंबर, बैंक पासबुक की छायाप्रति .मोबाइल नम्बर सहित ग्राम पंचायत के सचिव के समक्ष आवेदन प्रस्तुत करना होगा। जिसकी पावती ग्राम पंचायत सचिव द्वारा दिया जायेगा |

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Tuesday, August 3, 2021

शासकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थाओं (CGITI) में प्रवेश हेतु ऑनलाईन आवेदन आमंत्रित


         छत्तीसगढ़ शासन कौशल विकास विभाग के अधीन संचालनालय रोजगार एवं प्रशिक्षण के अंतर्गत संचालित समस्त शासकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थाओं एवं विशेष (आदिवासी) औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थाओं में सत्र 2021-22 एवं 2021-23 में प्रवेश हेतु ऑनलाईन रजिस्टेªशन (आवेदन) आमंत्रित किया गया है। छत्तीसगढ़ शासन के विद्यमान नियमों एवं नीति के अंतर्गत औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थाओं में प्रवेश के लिए ऑनलाईन रजिस्ट्रेशन करने की अंतिम तिथि दिनांक 08 अगस्त 2021 तक निर्धारित है।




संचालक रोजगार एवं प्रशिक्षण छत्तीसगढ़ नवा रायपुर अटल नगर से मिली जानकारी के अनुसार छत्तीसगढ़ स्थित आईटीआई में संचालित एनसीव्हीटी/एससीव्हीटी के पाठ्यक्रमों में प्रवेश के लिए इच्छुक छत्तीसगढ़ के मूल निवासी आवेदक, स्वयं अथवा छत्तीसगढ़ स्थित किसी भी लोक सेवा केन्द्र (च्वाइस सेंटर) के माध्यम से संचालनालय रोजगार एवं प्रशिक्षण की वेबसाईट cgiti.cgstate.gov.in के ’ऑनलाईन एप्लिकेशन 2021’ पर क्लिक कर अपना पंजीयन एवं प्रवेश हेतु व्यवसाय का चयन कर सकते हैं। आवेदकों के पंजीयन के लिए वेबसाईट पर यूजर मैन्यूबल दिया गया है, जिसका अवलोकन किया जा सकता है।
पंजीयन के पूर्व, प्रवेश विवरणिका जो कि cgiti.cgstate.gov.in पर उपलब्ध है, जिसमें छत्तीसगढ़ शासन, कौशल विकास विभाग के अधीन संचालनालय रोजगार एवं प्रशिक्षण के अंतर्गत शासकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थाओं में संचालित विभिन्न व्यवसायों में सत्र 2021-22 एवं 2021-23 से प्रारंभ होने वाले सत्र में प्रवेश हेतु निर्धारित संस्थावार/व्यवसायवार सीटों एवं आवश्यक शैक्षणिक अर्हता एवं अन्य समस्त जानकारी दर्शित है।
आवेदक को ऑनलाईन रजिस्ट्रेशन (पंजीयन) हेतु शुल्क - अनुसूचित जाति, जनजाति के आवेदक को पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन शुल्क रूपये 40/- देना होगा। पिछड़ा वर्ग एवं सामान्य वर्ग के आवेदक को पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन शुल्क रूपये 50/- देना होगा। वेबसाईट पर पंजीयन के दौरान रजिस्ट्रेशन शुल्क, लोक सेवा केन्द्र (च्वाइस संेटर) में नगद अथवा स्वयं ऑनलाईन पेमेन्ट द्वारा शुल्क का भुगतान किया जा सकता है। ऑनलाईन भुगतान हेतु निम्न सुविधाओं का उपयोग कर सकते है - इंटरनेट बैंकिग, एटीएम सह डेबिट कार्ड, क्रेडिट कार्ड या अन्य किसी ऑनलाईन पेमेन्ट माध्यम से।
एक बार आवेदन रजिस्ट्रेशन होने के पश्चात् अपने आवेदन में मोबाईल नम्बर को छोड़कर आवेदन भरने की अंतिम तिथि तक सुधार कर सकते है। यदि आवेदक ने अनुसूचित जाति या जनजाति के लिए रजिस्ट्रेशन शुल्क जमा किया है और सुधार के पश्चात् अनारक्षित (सामान्य) या अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) करना चाहता है तो उसे आवेदन शुल्क के अंतर की राशि भी जमा करनी होगी। व्यवसाय ड्रायवर कम मैकेनिक में प्रवेश के लिये आवेदक का न्यूनतम आयु एक अगस्त 2021 को 18 वर्ष एवं शेष व्यवसायों के लिये 14 वर्ष से कम नहीं होनी चाहिए। उच्चतम आयु सीमा का बंधन नहीं है। प्रवेश हेतु स्थानों की संख्या परिवर्तनीय है।
चूंकि चयन संबंधी जानकारी एसएमएस के माध्यम से भेजी जाती है, अतः ऑनलाईन रजिस्ट्रेशन के समय आवेदक अपना मोबाईल नंबर एवं ई-मेल आईडी की जानकारी अवश्य देवंे, ताकि प्रवेश हेतु चयन संबंधी जानकारी एस.एम.एस. के माध्यम से प्राप्त हो सके। आवेदक का चयन होने पर आवेदक को संबंधित संस्था में आवश्यक समस्त अभिलेखांे-प्रमाण पत्रों एवं निधारित शुल्क सहित स्वयं उपस्थित होकर प्रवेश लेना होगा।
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Monday, August 2, 2021

चिटफंड कंपनियों से धन वापसी हेतु 6 अगस्त तक लिए जाएंगे आवेदन

बलौदाबाजार, अगस्त 2021/ चिटफण्ड कम्पनियों में पैसा जमा करने वाले बलौदाबाजार अनुविभाग क्षेत्र के निवेशक अपनी जमा राशि की वापसी के लिए 6 अगस्त तक अनुविभागीय दण्डाधिकारी बलौदाबाजार कार्यालय में निर्धारित प्रारूप में आवेदन जमा करा सकते हैं। आवेदन पत्र का प्रारूप अनुविभागीय दण्डाधिकारी कार्यालय बलौदाबाजार में उपलब्ध है।
 अनुविभागीय दण्डाधिकारी श्री महेश राजपूत ने बताया कि हाल ही में कुछ ऐसे प्रकरण सामने आये है जिसमें वित्तीय संस्थान (जिसमें कंपनी फर्म शामिल है) जनता से झूठे वादे कर निक्षेप (धन राशिया अन्य मूल्यवान वस्तुए) संग्रह करती है और ऐसी वित्तीय संस्थानों के संचालन के लिए जिम्मेदार व्यक्तियों द्वारा जमाकर्ताओं के निक्षेप वापस करने से पूर्व ही फरार हो जाते हैं,जिसके परिणामस्वरूप ऐसे व्यक्तियों से जानकारी एवं जमाकर्ताओं को उनके निक्षेप वापस नहीं हो पाते हैं। 
      राज्य सरकार द्वारा इस सिलसिले में छ.ग. के निक्षेपको के हितो का संरक्षण अधिनियम 2005 और छ.ग. के निक्षेपकों के हितों का संरक्षण नियम 2015 लागू किया गया है, जिसका मुख्य उद्देश्य जनता को उनके निक्षेप वापस करने के लिए यथोचित युक्ति प्रदान करता है,जिससे कि जनता द्वारा किए गए निक्षेप का संरक्षण हो सके। छ.ग. के निक्षेपको के हितो का संरक्षण अधिनियम 2005 के तहत जहाँ जिला मजिस्ट्रेट सह सक्षम प्राधिकारी संतुष्ट हो कि किसी वित्तीय स्थापना ने कपटपूर्ण तरीके से व्यतिकम किया है या ऐसी वित्तीय स्थापना द्वारा निक्षेपकों को धोखा देने के इरादे से सोंचे समझे तरीके से कार्य कर रही है और वह वित्तीय स्थापना निक्षेप राशि को वापस नहीं करेगी। उक्त परिस्थिति में प्रभावित व्यक्तियों से निर्धारित प्रपत्र में आवेदन प्राप्त कर जांच उपरांत गुणदोष के आधार पर समुचित कार्रवाई जैसे कि बैंक खाते, चल एवं अचल संपत्ति आदि की कुर्की की जा सकती है। 
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Sunday, August 1, 2021

समिति कर्मचारियों का हड़ताल समाप्त ..प्रदेश के समस्त समिति खाद -बीज-राशन आदि के लिए सोमवार २ अगस्त से सहकारी समिति होगा कृषको के लिए प्रारंभ !

रायपुर-०१ अगस्त -छत्तीसगढ़ सहकारी समिति कर्मचारियों का २४ जुलाई से चल रहा हड़ताल आज समाप्त हो गया हैI अब सोमवार २ अगस्त से समिति कृषको के समस्त ऋण -खाद -बीज आदि के लिए प्रारंभ हो जायेगा ! छत्तीसगढ़ सहकारी समिति कर्मचारी महासंघ ने शासन को 30 दिवस की समय देते हुए हड़ताल को अस्थाई रूप से स्थगित किया गया है ।


        ज्ञात हो की २४ जुलाई से समितियों में ताला लटक रहा है। ऐसे में खाद लेने के लिए समिति पहुंच रहे किसानों को भटकना पड़ रहा है। सोसायटी से खाद नहीं मिलने का फायदा व्यापारी उठा रहे हैं और अधिक कीमत पर खाद बेच रहे हैं। समितियों से खाद नहीं मिलने के कारण किसान मंहगे दाम पर खाद खरीदने के लिए मजबूर हो गये थे । अब हड़ताल की स्थगन से आंदोलनरत कर्मचारी 2 अगस्त2021 सोमवार को अपने अपने कार्य में उपस्थित होंगें।

प्रदेश महासचिव नरेंद्र साहू ने बताया की छत्तीसगढ़ सहकारी समिति कर्मचारी महासंघ रायपुर द्वारा 24 जुलाई 2021 से 5 सूत्री मांगों को लेकर पूरे प्रदेश के 2058 सहकारी समितियों में अनिश्चितकालीन आंदोलन जारी था । महासंघ के आंदोलन के फल स्वरुप समस्याएं विधानसभा में प्रमुखता से गूंजा और छत्तीसगढ़ शासन ने सहकारिता विभाग एवं खाद्य विभाग की संयुक्त उप समिति गठित की है जिसमें महासंघ के प्रतिनिधिमंडल शामिल होंगे और अन्य 4 सूत्री मांगों को यथासंभव पहल करने की आश्वासन दिया गया है। 31 जुलाई को अपेक्स बैंक में नवनिर्वाचित बैंक अध्यक्षों का सम्मान समारोह हुआ था। जिसमे माननीय सहकारिता मंत्री श्री प्रेमसाय सिंह टेकाम जी, सहकारिता सचिव व पंजीयक श्री हिमशिखर गुप्ता जी ,अपेक्स बैंक के अध्यक्ष श्री बैजनाथ चंद्राकर जी , अपेक्स बैंक के महाप्रबंधक ,पूर्व मंत्री और वर्तमान ग्रामीण रायपुर विधायक सत्यनारायण शर्मा जी ,जिला सहकारी केंद्रीय बैंक के अध्यक्ष श्री पंकज शर्मा जी और अन्य सभी जिला सहकारी केंद्रीय बैंक के अध्यक्षों ने अपेक्स बैंक में समिति को नुकसान से बचाने के लिए हर संभव धान की सुखद व अतिरिक्त खर्चा समितियों को देने के लिए पहल और बैंक में खाली पड़े वर्षों से पदो पर भर्ती करने की चर्चा भी हुई । सभी नवनिर्वाचित बैंक के अध्यक्षों ने एक स्वर में माननीय सहकारिता मंत्री, पंजीयक के समक्ष रखा गया और कर्मचारियों के आंदोलन में चले जाने से किसानों को खाद एवं राशन नहीं मिलने की भी चर्चा भी हुई है। सहकारिता सचिव व पंजीयक महोदय ने महासंघ के प्रतिनिधि मंडल को चर्चा हेतु रविवार को जिला सहकारी केंद्रीय बैंक रायपुर में आमंत्रित किया था। 1/8/2021 को सहकारिता सचिव व पंजीयक हिम शिखर गुप्ता और पंकज शर्मा रायपुर बैंक के नवनिर्वाचित अध्यक्ष अपेक्स बैंक के कर्मचारी अध्यक्ष चंद्रप्रकाश व्यास ,जिला सहकारी बैंक के कर्मचारीअध्यक्ष मोहन साहू , एसपी चंद्राकर अतिरिक्त सीईओ
रायपुर बैंक,आदि अधिकारियों के बीच में 5 सूत्री मांगों पर बिंदुवार सफल सकारात्मक चर्चा प्रदेश के उपस्थित प्रमुख पदाधिकारियों के बीच हुआ है माननीय सहकारिता सचिव गुप्ता जी ने समिति को आर्थिक रूप से सुदृढ़ करने के लिए समिति को दी जाने वाली कमीशन को बढ़ाने हेतु पहल करने का बात किया है और जिला सहकारी केंद्रीय बैंकों पर ग्रेडर प्रबंधक की भर्ती पर सेवा नियम 2018 के अनुसार 50% समिति के कर्मचारियों से लिया जाएगा इसमें उम्र बंधन में शिथिलता देते हुए 45वर्ष के स्थान पर 55 वर्ष करने की भी जानकारी महासंघ को दिया गया है । महासंघ ने शासन को 30 दिवस की समय देते हुए हड़ताल को अस्थाई रूप से स्थगित किया गया है ।


मांगे पूर्ण न होने पर पुनः आन्दोलन की चेतावनी

    प्रदेश महासचिव नरेंद्र साहू ने जानकारी दी है की यदि छत्तीसगढ़ सहकारी समिति कर्मचारी महासंघ रायपुर द्वारा यदि उक्त दिवस में उक्त सभी मांगों पर सकारात्मक पहल कर निर्णय नहीं लिया जाता है तो पुनः छत्तीसगढ़ सहकारी समिति कर्मचारी महासंघ आंदोलन करेगी और समिति के कार्य बाधित होगी उसके लिए शासन प्रशासन जिम्मेदार रहेगी । आंदोलन को प्रत्यक्ष अप्रत्यक्ष सहयोग देने वाले समस्त समिति के संचालक गण, व अध्यक्ष गण, कर्मचारी गण, जिला पदाधिकारी, प्रदेश पदाधिकारी एवं अन्य अधिकारी गणों को महासंघ की ओर से बहुत-बहुत धन्यवाद आभार।
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